Faneeshwar Nath Story In Hindi

फणीश्वरनाथ रेणु का जन्म 4 मार्च 1921 को औराही हिंगना नामक गावं, जिला पूर्णिया (बिहार) में हुआ था। फणीश्वरनाथ रेणु वह लेखक थे जिसने हिंदी कथाधार का रुख वदला, उसे ग्रामीण भारत के विम्वों और ध्वनियों से समृद्ध किया और हिंदी गद्य की भाषा को कविता से भी जयादा प्रवहमान बनाया। प्रेम, संवेदना, हिंसा, राजनीति, अज्ञानता और भावुकता के विभिन्न रूप और रंगों की ये कहानियां भारत के ग्रामीण अंचल की चेतना का प्रतिनिधित्व करती है। फणीश्वरनाथ रेणु की कहानियां भारत का सांस्कृतिक आईना हैं। यहाँ फणीश्वरनाथ रेणु की कुछ प्रमुख कहानियां का संघ्रह है जिसमें उन्होंने लोकसभा, जनसाधारण के रोजमर्रा जीवन और परिवेश को बड़े ही मांसल ढंग से व्यक्त किया है, उन्होंने इन कहानियों के माध्यम से हिंदी की ताकत और क्षमता को भी बढ़ाया है।